Love Marriage के 25 दिन बाद बेटी की मौत: पिता बोले- ये हादसा नहीं हत्या हैं

लव मैरिज के 25 दिन बाद 22 साल की युवती की सड़क हादसे में मौत हो गई. पिता का आरोप है कि दामाद ने बेटी की हत्या कर दी. अब वो इसे हादसा बता रहा है. पिता ने मीडिया से अपना दर्द साझा किया. उन्होंने कहा कि मैं बिटिया से नाराज था, लेकिन ये नहीं सोचा था कि वो हमेशा के लिए हमसे दूर चली जाएगी. काश बेटी को शादी करने से रोक लेता तो वो जिंदा होती. पिता ने कहा कि एक महीने पहले बेटी जबरन घर छोड़ गई अब दुनिया छोड़ दी.

पहले मामला समझ लेते हैं

ओंकारेश्वर दर्शन कर लौट रहे एक पति-पत्नी सड़क हादसे का शिकार हो गए. हादसे में जहां इंदौर निवासी महिला शिवानी की मौत हो गई. वहीं, युवक को मामूली चोट आई हैं. घटना शुक्रवार रात की है. महिला के परिजनों ने उसके पति पर ही हत्या का आरोप लगाया है. उनका कहना है कि यह कोई हादसा नहीं बल्कि सुनियोजित साजिश है. जो उसके पति ने ही रची है. पुलिस ने मामला जांच में लिया है.

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साल 2000 में मंझली बेटी शिवानी जन्म हुआ था. दो साल बाद 2002 में उसकी मां गुजर गई. तीनों बेटियों की जिम्मेदारी मेरे कंधे पर आ गई. मैं दिन-रात काम करता और उनकी दादी तीनों पोतियों को संभालती. जब शिवानी बड़ी हुई तो उसने घर की जिम्मेदारी संभाल ली. बड़ी बहन सोनू की शादी के बाद घर की चाबियों से लेकर पैसों का सारा हिसाब-किताब वो ही रखती थी. जो भी कमाता उसके हाथ में लाकर रखता था. छोटी बेटी राधिका के लिए तो वो मां जैसी थी.

बेटी की उम्र शादी की हुई तो मैंने उसके लिए लड़का ढूंढना शुरू किया. फिर उसने सूरज के रूप में अपनी पसंद बताई. बड़ी बेटी सोनू की शादी भी उसके पसंद के लड़के से करवा चुका था. इसलिए शिवानी के कहने पर मैं सूरज के घर गया. वहां मुझे लगा कि बेटी खुश नहीं रहेगी. मैंने रिश्ते के लिए मना कर दिया. लेकिन बेटी नहीं मानी. वो 6 दिसंबर को बिना बताए घर छोड़कर सूरज और उसके परिवार के साथ आर्य समाज मंदिर शादी करने जा रही थी.

जानकारी लगने पर मैं और मेरी बड़ी बेटी भी वहां पहुंचे. बहुत मिन्नत की. उसे समझाया. वो नहीं मानी. परिवारवालों को दो दिन रुकने के लिए कहा ताकि वे खुद दोनों की धूमधाम से शादी कर सकें. फिर भी दोनों ने नहीं सुना. आखिरकार वह शादी करके उसके साथ चली. उसके इस कदम से मैं नाराज जरुर था. लेकिन बच्ची के भविष्य की फिक्र भी थी. 30 दिसंबर को हुए इस हादसे ने मेरा डर सही साबित कर दिया. रविवार को बेटी के अस्थि विसर्जन के लिए उज्जैन गया था.

बड़ी बहन बोली-फोन लगाकर रोती थी शिवानी

बड़ी बहन सोनू ने बताया की छह महीने पहले शिवानी ने सूरज के बारे में बताया. मैंने दोनों के अफेयर के बारे में न बताते हुए पिताजी को सूरज से मिलवाया. लेकिन परिवार और घर देखने के बाद पिताजी ने मना कर दिया. लाख समझाने के बाद शिवानी शादी करके सूरज के घर चली गई. इस बीच मुझे फोन पर उसने बताया की वह खुश नहीं है. बोली- साड़ी तक नहीं है पहनने के लिए. शिवानी के पैसे मांगने पर उससे वजह पूछी तो बोली- ये लोग मांग रहे हैं. जबकि शादी के लिए वह घर से 70 हजार लेकर गई थी.

इसी बीच जब मिलने आई तो गले लगकर बहुत रोई. उसने बताया था की सूरज ने शराब पीकर उसे रात में घर से बाहर निकाल दिया था. कुछ देर बाद घर में उसे लेकर गया. उसके ससुराल वाले उसे बहुत प्रताड़ित करते थे. इस हादसे में सूरज को खरोंच तक नही आई. जबकि हमारी बहन की जान चली गई. इसकी जांच होना चाहिए.

पति ने कहा- मेरी दुनिया उजड़ गई

पति सूरज ने इन आरोपों को निराधार बताया है. उसका कहना है कि मैं उससे बहुत प्यार करता था, मैं क्यों मारूंगा उसे. मेरे बिना खाना तक नहीं खाती थी वो. हम दोनों ने 3 साल के रिलेशन के बाद शादी करने का फैसला किया था. शिवानी का कहना था कि पिता नही मानेंगे तो हमने लव मैरिज की. वह काफी खुश थी. हम लगभग रोज बाहर घूमने जाते थे. शनिवार को वह अपने पिता से मिलने गई थी. मैं खुद लेकर गया था लेकिन मुझे देख ससुर नाराज हो गए तो में घर के बाहर से ही चला गया. वो वहीं थी. घर आई तो उदास थी. बोली- पिता अब भी नाराज हैं.

उदास देख मैं उसे घुमाने ले गया. पहले चोखी ढाणी जाना चाहते थे. छोटे भाई से गाड़ी लेकर शाम 4.30 बजे ओंकारेश्वर के लिए निकल गए. अंधेरा ज्यादा होने पर बड़वाह के पास नर्मदा तट पर दर्शन कर वापस लौट रहे थे. बड़वाह से निकलकर कुछ किमी दूर उमरिया चौकी रेलवे क्रासिंग के पास पुलिया के निकट पीछे से रेत के डंपर ने टक्कर मार दी. अनियंत्रित होकर बाइक गिरी तो शिवानी सड़क पर गिरी इसी दौरान उस पर डंपर का पिछला पहिया निकल गया. उसकी मौके पर ही मौत हो गई. मुझे हाथ में चोट आई है. मेरी दुनिया उजड़ गई.

जांच के बाद ही कहा जा सकेगा

शिवानी के पिता का कहना है हत्या सुनियोजित तरीके से की गई है. बेटी को रुपयों के लिए प्रताड़ित किया जाता था. वो रोती थी. पुलिस जांच करे तो सच्चाई सामने आ जाएगी. वहीं बड़वानी टीआई जगदीश गोयल का कहना है पुलिया की दीवार पर गाड़ी के रगड़ के निशान है. बाइक का पैर रखने वाला पैडल टूटा है. एवं लेगगार्ड पर भी खरोंच के निशान है. जिस जगह पर घटना हुई वहां राख भी पड़ी थी. दुर्घटना में गाड़ी तो गिरना प्रतीत हो रही है. लेकिन मामले में पूरी जांच के बाद ही अंतिम रूप से कुछ कहा जा सकता है.