बिहार में ईंट भट्ठा की चिमनी में हुए ब्लास्ट में छ: लोगों की मौत हो गई: 12 से ज्यादा घायल; 20 से ज्यादा लापता

RAXAUL, MOTIHARI : बिहार के पूर्वी चंपारण जिले के रक्सौल में ईंट भट्टे की चिमनी ब्लास्ट के बाद 6 लोगों की मौत हो गई है। जबकि 12 से ज्यादा लोग घायल हैं। वहीं 20 से ज्यादा लोग लापता बताए जा रहे हैं। घटनास्थल पर अंधेरा होने की वजह से रेस्क्यू में परेशानी हो रही है। घटना रामगढ़वा थाना क्षेत्र के नरिरगिर गांव के पास की है। भट्टे के नीचे कई और लोगों के दबे होने की बात कही जा रही है। जिसके बाद और मजदूरों के मौत की बात सामने आ रही है। बताया जा रहा है कि अभी भी 20 से ज्यादा लोग लापता हैं।

घटना देर शाम की है। सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची पुलिस ने घायलों का इलाज के लिए स्थानीय अस्पताल भेजा है। वहीं मृतकों के शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेजने की तैयारी चल रही है। स्थानीय लोगों दबे हुए लोगों को निकालने में पुलिस की सहायता कर रहे हैं।

मौके पर मचा कोहराम

घटना के बाद मौके पर हाहाकार मचा हुआ है। पुलिस स्थानीय लोगों की सहायता से दबे लोगों को निकालने की कोशिश कर रही है। वहीं लापता लोगों का भी तलाश किया जा रहा है। घटना के बाद लोगों में आक्रोश है।

आग लगने के बाद जोरदार धमाका

घटना के बारे में बताया जा रहा है कि ईंट भट्ठा में आग लगने के बाद जोरदार धमाका हुआ और चिमनी टूटकर नीचे गिर गई। जिसके बाद वहां काम कर रहे कई मजदूर दब गए। अभी 6 लोगों का शव निकाला जा चुका है।

मृतकों में एक चिमनी मालिक

हादसे के शिकार हुए एक मृतक की पहचान हुई, मरने वालों में एक चिमनी मालिक मो. इरशाद शामिल हैं। बांकी बाहरी मजदूर बताए जा रहे हैं। उनकी पहचान की जा रही है। घटना के बाद स्थानीय विधायक प्रमोद कुमार सिन्हा रक्सौल एसआरपी अस्पताल पहुंचे और घायलों का हालचाल जाना।

हादसा, टायर के इस्तेमाल से हो सकता है

वहीं घटना के बारे में जिला सहायक खनन पदाधिकारी रागिनी कुमारी ने बताया कि चिमनी विभाग से लिस्टेड है। यहां से समय पर राजस्व जमा किया जाता रहा है। हादसे की वजह के बारे में उन्होंने कहा कि हो सकता है कोयले की कीमत अधिक होने की वजह से चिमनी संचालक ने लकड़ी और टायर को इंधन के रूप में इस्तेमाल किया होगा। जिससे अंदर गैस बनी और ब्लास्ट हो गया।